
Jantar-Mantar Protest: केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है. कई दिनों से जंतर मंतर पर जारी विरोध प्रदर्शन के बीच उन्होंने यह बड़ा फैसला लिया. उन्होंने जोर देकर बोला कि वे किसी भी जिम्मेदारी से पीछे नहीं हटे हैं.
अब धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद कॉकरोच जनता पार्टी जश्न मना रही है, जंजंतर-मंतर पर भी छात्र इस फैसले का स्वागत कर रहे हैं. यहां समझने की कोशिश करते हैं कि आखिर अब तक इस मामले में क्या-क्या हुआ है. नीचे दी गई टेबल से सारे घटनाक्रम को आसान भाषा में समझते हैं-
| तारीख | क्या हुआ |
| 3 मई | नीट यूजी की परीक्षा आयोजित हुई जिसमें लगभग 22 लाख छात्रों ने हिस्सा लिया. पेपर लीक के आरोप लगने के बाद छात्रों और अभिभावकों ने निष्पक्ष जांच की मांग की. |
| 12 मई | 12 मई: पेपर लीक के आरोपों के बाद एनटीए ने नीट यूजी की परीक्षा रद्द कर दी और सरकार ने मामले की सीबीआई जांच के आदेश दिए. |
| जून की शुरुआत | अलग-अलग राज्यों में छात्रों ने विरोध प्रदर्शन शुरू किया। इससे परीक्षाओं की विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए. |
| 21 जून | नीट (NEET) की परीक्षा दोबारा आयोजित की गई. |
| 28 जून | दिल्ली के जंतर-मंतर पर सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने अनशन शुरू किया. |
| जुलाई की शुरुआत | सोनम वांगचुक की तबीयत बिगड़ने लगी। कई छात्र संगठन और राजनीतिक नेता इस आंदोलन से जुड़ गए. |
| 16 जुलाई | दिल्ली हाईकोर्ट ने मामले में हस्तक्षेप करते हुए सोनम वांगचुक की सेहत का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए. |
| 16 जुलाई: | एनटीए ने दोबारा आयोजित की गई नीट परीक्षा के परिणाम घोषित किए, लेकिन कुछ अभ्यर्थियों ने फिर से अनियमितताओं को लेकर सवाल उठाए. |
| 18 जुलाई | दिल्ली पुलिस ने सोनम वांगचुक को जंतर-मंतर से मेदांता अस्पताल में शिफ्ट कराया. |
| 20 जुलाई | छात्रों ने ‘संसद चलो’ मार्च निकाला। हजारों प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतरे. दिल्ली पुलिस ने बल प्रयोग और लाठीचार्ज किया. |
| 23 जुलाई | पीएम मोदी ने कई फैसले लिए, पेपर लीक को लेकर फास्ट ट्रैक कोर्ट और कड़ी सजा का ऐलान. |
| 24 जुलाई | सरकार से आश्वासन मिलने के बाद सोनम वांगचुक ने अपना 26 दिनों से जारी अनशन समाप्त किया. |
| 25 जुलाई | शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दिया, जिसके बाद जंतर-मंतर पर जश्न का माहौल देखने को मिला. |






