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Chhattisgarh News: 2029 तक नशे का नेटवर्क खत्म करने का लक्ष्य, PHQ में बनेगी एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स

रायपुर: छत्तीसगढ़ में नशीले पदार्थों की तस्करी और अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए राज्य स्तर पर विशेष रणनीति तैयार की जा रही है। इसके तहत पुलिस मुख्यालय (PHQ) में एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) की अलग विंग गठित करने की योजना है। इसका उद्देश्य राज्य में नशे के अवैध कारोबार के नेटवर्क पर प्रभावी कार्रवाई करना और विभिन्न जिलों में चल रहे अभियानों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना है। नशे के अवैध नेटवर्क को वर्ष 2029 तक खत्म करना इस अभियान का प्रमुख लक्ष्य बताया गया है।

प्रस्तावित विंग को सीआईडी और साइबर सेल की तर्ज पर एक स्वतंत्र ढांचे के रूप में तैयार किया जाएगा। इसकी कमान डीजी या एडीजी रैंक के अधिकारी को सौंपे जाने की योजना है। एडीजी अमित कुमार के नेतृत्व में इसके गठन की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है। हालांकि, नए सेटअप को अंतिम रूप देने के लिए शासन की मंजूरी जरूरी होगी।

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PHQ में बनेगा विशेष विंग का ढांचा

प्रस्तावित एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स में आईजी, डीआईजी, एसपी, एएसपी, डीएसपी, टीआई और आरक्षक स्तर तक के पुलिसकर्मियों की तैनाती का प्रावधान है। शुरुआती चरण में 25 सदस्यों की टीम गठित करने की योजना बनाई गई है। इसके बाद जरूरत के अनुसार अमले का विस्तार किया जा सकता है।

इस संबंध में शासन को प्रस्ताव भेजा जा चुका है। मंजूरी मिलने के बाद प्रारंभिक तौर पर अस्थायी नियुक्तियां की जाएंगी और आगे चलकर भर्ती की प्रक्रिया भी अपनाई जा सकती है। नई विंग का उद्देश्य राज्य में नशीले पदार्थों से जुड़े मामलों की निगरानी और कार्रवाई को अधिक प्रभावी बनाना है।

जिलों की इकाइयों पर मुख्यालय से होगी निगरानी

छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों में एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स की इकाइयां पहले से काम कर रही हैं। ये इकाइयां संबंधित जिला पुलिस अधीक्षकों के अधीन कार्रवाई करती हैं। अब पुलिस मुख्यालय में प्रस्तावित विशेष विंग बनने से पूरे प्रदेश में चल रही गतिविधियों की निगरानी और विभिन्न इकाइयों के बीच समन्वय को मजबूत करने की योजना है।

मुख्यालय स्तर पर गठित टीम जिलों में चल रही कार्रवाई की समीक्षा कर सकेगी। इससे अलग-अलग क्षेत्रों में सक्रिय तस्करी नेटवर्क के खिलाफ सूचनाओं का आदान-प्रदान और संयुक्त कार्रवाई करना आसान हो सकता है।

नशे की सप्लाई चेन पर कार्रवाई की तैयारी

नई विंग की रणनीति केवल छोटे स्तर पर नशीले पदार्थ बेचने वालों तक सीमित नहीं रहेगी। इसका दायरा नशीले पदार्थों की आपूर्ति से जुड़े पूरे नेटवर्क तक बढ़ाने की योजना है। इसमें तस्करों, आपूर्तिकर्ताओं और नशीले पदार्थों की अवैध खेती से जुड़े लोगों के खिलाफ कार्रवाई पर जोर दिया जाएगा।

इसके साथ ही अपराध से अर्जित संपत्तियों की पहचान कर उन्हें कुर्क करने और कानून के तहत नीलामी की कार्रवाई करने पर भी ध्यान दिया जाएगा। इसका उद्देश्य नशे के अवैध कारोबार से जुड़े आर्थिक नेटवर्क को कमजोर करना है।

केंद्रीय एजेंसियों के साथ मिलकर करेगी काम

नशीले पदार्थों की तस्करी पर प्रभावी नियंत्रण के लिए प्रस्तावित टास्क फोर्स स्थानीय पुलिस और आबकारी विभाग के साथ समन्वय करेगी। इसके अलावा राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) और नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) जैसी केंद्रीय एजेंसियों के साथ भी तालमेल स्थापित किया जाएगा।

विभिन्न एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय से तस्करी से संबंधित सूचनाओं को साझा करने और बड़े नेटवर्क के खिलाफ संयुक्त कार्रवाई करने में मदद मिलने की उम्मीद है।

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2029 तक नशे के अवैध नेटवर्क को खत्म करने का लक्ष्य

देश में नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार को समाप्त करने के प्रयासों के तहत वर्ष 2029 की समयसीमा पर जोर दिया जा रहा है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी नशे के नेटवर्क के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई की जरूरत पर बल दिया है। छत्तीसगढ़ में भी तस्करी के खिलाफ अभियान को मजबूत करने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।

एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स के प्रमुख एडीजी अमित कुमार के अनुसार, जिलों में पहले से इकाइयां काम कर रही हैं। पुलिस मुख्यालय स्तर पर अलग सेटअप बनने से राज्यभर में नशे के कारोबार से जुड़े लोगों के खिलाफ समन्वित कार्रवाई को और मजबूती मिलेगी।

प्रस्तावित विंग की स्थापना और उसके विस्तार की प्रक्रिया शासन की मंजूरी के बाद आगे बढ़ेगी। इसका प्रभाव इस बात पर निर्भर करेगा कि नई टीम किस तरह जिलों की इकाइयों, स्थानीय पुलिस और केंद्रीय एजेंसियों के साथ मिलकर कार्रवाई करती है।

Preeti Singh

Priti Singh is a senior journalist at INN24 News with extensive experience covering crime, governance, public policy, and regional affairs in Chhattisgarh Her reporting focuses on factual accuracy, administrative accountability, and issues of public interest. Areas of Expertise • India and Chhattisgarh politics and governance • State and regional affairs (Chhattisgarh) • Public administration • Investigative reporting Editorial Responsibility Priti Singh follows strict fact-checking and editorial standards and adheres to INN24 News’ Editorial Policy. 📧 Contact: manni200390@gmail.com Profile Last Updated: 20 January 2026