
नई दिल्ली: फ्लाईदुबई की फ्लाइट में भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार पर हुए हमले की जांच अब राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) करेगी। एजेंसी ने इस मामले में FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों ने शनिवार को इसकी जानकारी दी। मामला एंटी-हाइजैकिंग एक्ट, 2016 और गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम यानी UAPA, 1967 की संबंधित धाराओं के तहत दर्ज किया गया है।
Chhattisgarh: अवैध शराब पकड़ने पहुंची पुलिस टीम से मारपीट और झूमाझटकी, युवक-महिलाओं का VIDEO वायरल
क्या है पूरा मामला?
NIA की FIR के मुताबिक, 30 सितंबर को दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 के कॉकपिट में भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार पर कथित तौर पर उनके को-पायलट ने चाकू से हमला किया था। इस हमले में कैप्टन गंभीर रूप से घायल हो गए थे।
अधिकारियों के अनुसार, शुरुआती जानकारी में हमले के पीछे विमान को हाईजैक करने या उसे क्रैश कराने की कोशिश की आशंका जताई गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए अब NIA इसकी जांच करेगी, ताकि घटना के पीछे की मंशा और अन्य पहलुओं का पता लगाया जा सके।
किन कानूनों के तहत दर्ज हुआ मामला?
अधिकारियों के अनुसार, NIA ने 9 अक्टूबर को दर्ज FIR में एंटी-हाइजैकिंग एक्ट, 2016 और UAPA, 1967 की संबंधित धाराएं लगाई हैं। जांच एजेंसी हमले की परिस्थितियों, संभावित उद्देश्य और घटना से जुड़े अन्य तथ्यों की पड़ताल करेगी।
कौन हैं कैप्टन स्मित मच्छार?
कैप्टन स्मित मच्छार 39 वर्षीय भारतीय पायलट हैं, जो फ्लाईदुबई में कार्यरत हैं। उनका पालन-पोषण मुंबई के घाटकोपर ईस्ट में हुआ। उनका परिवार मूल रूप से गुजरात के अमरेली जिले के सावरकुंडला का रहने वाला है।
स्मित ने वर्ष 2011 में स्पाइसजेट के साथ अपने विमानन करियर की शुरुआत की थी और करीब 11 वर्षों तक वहां उड़ान भरी। बाद में वह फ्लाईदुबई से जुड़ गए और दुबई में अपने परिवार के साथ रहने लगे।
उनके पिता का नाम उपेंद्र मच्छार और मां का नाम गीता मच्छार है। उनकी पत्नी सोनल हैं और उनके दो बच्चे हैं—बेटी जीवा और बेटा क्रिष।
विकास की ओर बढ़ते कदम: ग्राम पंचायत पताड़ी में सीसी रोड निर्माण कार्य शुरू, ग्रामीणों ने जताया आभार
हमले के बाद चर्चा में आए कैप्टन मच्छार
फ्लाइट के कॉकपिट में हुए इस हमले के बाद कैप्टन स्मित मच्छार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आए। इस घटना को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी उनसे बातचीत की थी। अब NIA की जांच से हमले की वजह और उससे जुड़े अन्य पहलुओं के सामने आने की उम्मीद है।





