नकली नोट छापने और खपाने वाले दो आरोपी गिरफ्तार, प्रिंटर व स्कूटी जब्त
हसौद पुलिस की कार्रवाई, 17,500 रुपये के नकली नोट सहित छपाई में इस्तेमाल होने वाली सामग्री बरामद

जिला रिपोर्टर सक्ती- उदय मधुकर
सक्ती। जिले के हसौद थाना क्षेत्र में नकली नोट छापने और बाजार में खपाने की कोशिश करने वाले दो आरोपियों को पुलिस ने 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 100 और 500 रुपये के कुल 79 नकली नोट, जिनकी कीमत 17,500 रुपये है, एक कलर प्रिंटर, नोट छापने के लिए तैयार किए गए फ्रेम, अन्य सामग्री और घटना में प्रयुक्त नीले रंग की एक्टिवा स्कूटी जब्त की है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, हसौद निवासी ओम साहू ने 27 अक्टूबर 2026 को थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि 23 अक्टूबर की शाम करीब 7:30 बजे नीले रंग की एक्टिवा स्कूटी क्रमांक CG 13 AZ 9089 से दो व्यक्ति बजरंग चौक स्थित उसकी डेली नीड्स दुकान पर नकली नोट खपाने पहुंचे थे। दुकानदार को नोटों पर संदेह होने पर दोनों वहां से लौट गए।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल कुमार ठाकुर के निर्देश तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पंकज पटेल और एसडीओपी चंद्रपुर (डभरा) सुमित गुप्ता के मार्गदर्शन में हसौद पुलिस ने जांच शुरू की। पुलिस टीम ने सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के कोसीर स्थित कहरापारा में दबिश देकर नरेश कुमार आदित्य (36 वर्ष) और संजय आदित्य (30 वर्ष) को गिरफ्तार किया। दोनों आरोपी कोसीर थाना क्षेत्र के निवासी हैं।
घर में प्रिंटर से छापे थे नकली नोट
पूछताछ के दौरान आरोपियों ने कथित तौर पर संजय आदित्य के घर में रखे कलर प्रिंटर से 100 और 500 रुपये के नकली नोट छापने की बात स्वीकार की। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने चार-पांच दिन पहले कुल 80 नकली नोट छापे थे, जिनकी कुल कीमत 17,600 रुपये बताई गई। इनमें से कुछ नोट लेकर दोनों हसौद पहुंचे थे। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 79 नकली नोट बरामद किए हैं।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने कलर प्रिंटर, स्केल, कटर, गोंद, हरे रंग का चमकीला टेप, ए-4 आकार के फोटो पेपर, 100 और 500 रुपये के नोट तैयार करने के लिए बनाए गए दो फ्रेम तथा अन्य सामग्री भी जब्त की है। इसके अलावा घटना में प्रयुक्त एक्टिवा स्कूटी भी जब्त की गई है।
पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धारा 178, 179, 180, 181 एवं 3(5) के तहत अपराध दर्ज कर 28 अक्टूबर 2026 को गिरफ्तार किया। इसके बाद दोनों को न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है।
इस कार्रवाई में एसडीओपी सुमित गुप्ता, निरीक्षक विंटन साहू, प्रशिक्षु उप निरीक्षक जयराम साहू सहित हसौद थाना पुलिस के जवानों का विशेष योगदान रहा।





