साप्ताहिक बाजार में बाइक पर सवार होकर आए हमलावर, व्यापारी को मारी गोली, लूटपाट करके भागे
साप्ताहिक बाजार में बाइक पर सवार होकर आए हमलावर, व्यापारी को मारी गोली, लूटपाट करके भागे
छत्तीसगढ़ के जीपीएम जिला गौरेला पेंड्रा मरवाही से बड़ी खबर निकल कर सामने आ रही है। यहां पेंड्रा थाना क्षेत्र के कोटमी साप्ताहिक बाजार में बीते मंगलवार शाम को सराफा व्यापारी की गोली मारकर हत्या और लूट की वारदात से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। अज्ञात बाइक सवार तीन युवकों ने बाजार के बीच घुसकर वारदात को अंजाम दिया और मौके से फरार हो गए। घटना की सूचना पर पेंड्रा पुलिस और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है
जानकारी के अनुसार पेंड्रा निवासी प्रदीप सोनी उर्फ पप्पू कोटमी बाजार में सोने-चांदी का व्यापार करने पहुंचे थे। शाम के समय दुकान में अचानक बीच बाजार में घुसते हुए पल्सर सवार तीन युवक पहुंचे और व्यापारी पर हमला कर दिया। आरोपियों ने व्यापारी को सीने में गोली मार दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल होकर अचेत गए और घटना के बाद बाजार में अफरा-तफरी मच गई। लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे।
स्थानीय लोगों की मदद से घायल व्यापारी को तत्काल जिला अस्पताल लाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार आरोपियों ने वारदात के दौरान लूट की घटना को भी अंजाम दिया है। हालांकि कितनी रकम या कितना सोना-चांदी लूटा गया, इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हो सकी है।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंच गए। वहीं मौके पर एक कारतूस भी मिला है। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी है। आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं तथा आरोपियों की तलाश में जिलेभर में नाकेबंदी की गई है। भीड़भाड़ वाले साप्ताहिक बाजार में हुई हत्या और लूट की इस घटना से व्यापारियों और स्थानीय लोगों में भारी नाराजगी है।
जिले में भारी आक्रोश।
कोटमी साप्ताहिक बाजार में सराफा व्यापारी की गोली मारकर हत्या और लूट की सनसनीखेज वारदात के बाद जिले में भारी आक्रोश फैल गया है। घटना से नाराज परिजन और स्थानीय लोग जिला अस्पताल से शव लेकर पेंड्रा के दुर्गा चौक पहुंच गए, जहां बीच सड़क पर शव रखकर पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई। प्रदर्शन कर रहे परिजनों ने कहा कि जब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होगी, तब तक अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा और आंदोलन जारी रहेगा। देखते ही देखते बड़ी संख्या में व्यापारी, सामाजिक संगठन और स्थानीय नागरिक मौके पर जुट गए। दुर्गा चौक में देर तक तनावपूर्ण स्थिति बनी रही।






