ChatGPT Image May 16, 2026, 07_16_26 PM
Health and fitness

वीकेंड की ये आदतें बढ़ा सकती हैं कैंसर का खतरा! रिलैक्स के नाम पर सेहत से न करें खिलवाड़; डॉक्टर ने किया अलर्ट

शादी, पार्टी और वीकेंड पर लोग जमकर खुशियां मनाते हैं। दोस्तों और परिवार के साथ समय बिताते हैं लेकिन इन समारोहों में लोग अक्सर इंजॉय के नाम पर ड्रिंक, सिगरेट और गुटखा का सेवन करते हैं। महानगरों में स्ट्रेसभरी लाइफ और अकेलेपन को दूर करने के लिए लोग शराब का सहारा लेते हैं। जिससे कुछ देर तो सबकुछ बहुत अच्छा लगता है लेकिन धीरे-धीरे शरीर में बीमारियां पनपने लगती हैं। शुरुआत में लोगों को इस खतरे का अंदाजा नहीं होता और शरीर में बीमारियां पनपती रहती हैं। डॉक्टर ने बताया कि मुंह के कैंसर के सबसे बड़े कारणों में तंबाकू का सेवन करना है। गुटखा, खैनी, जर्दा और तंबाकू वाला पान जैसे स्मोकलैस टोबैको प्रोडक्ट मुंह की अंदरूनी परत और मसूड़ों को नुकसान पहुंचा सकते हैं। वहीं सिगरेट और बीड़ी का धुआं भी मुंह और सिर-गर्दन के कैंसर का खतरा बढ़ाता है।

CGPSC Scam: छत्तीसगढ़ PSC घोटाला मामले में बड़ा अपडेट, सुप्रीम कोर्ट ने आरती वासनिक समेत 2 आरोपियों को दी जमानत

वीकेंड की खतरनाक आदतें

कई लोग यह सोचकर इनका सेवन करते हैं कि वो रोजाना इनका उपयोग नहीं करते हैं, इसलिए जोखिम भी कम होगा। लेकिन तंबाकू का सेवन किसी भी रूप में स्वास्थ्य के लिए सुरक्षित नहीं माना जा सकता। खासकर जब कभी-कभार का सेवन धीरे-धीरे बार-बार होने लगे।

शराब और तंबाकू का मेल ज्यादा खतरनाक

शराब और तंबाकू को एक साथ लेना चिंताजनक है। शराब मुंह की सतह को प्रभावित कर सकती है और तंबाकू में मौजूद कैंसरकारी रसायनों के संपर्क को बढ़ा सकती है। इसलिए दोनों का एक साथ सेवन मुंह और गले के कैंसर के खतरे को काफी बढ़ देता है। युवाओं में ‘सोशल स्मोकिंग’ या दोस्तों के साथ कभी-कभार तंबाकू का सेवन अक्सर गंभीरता से नहीं लिया जाता। लेकिन किसी भी आदत की शुरुआत अक्सर इसी तरह होती है, जिसमें लोग कहते हैं कि मैं तो रोज नहीं करता।

शरीर के इन संकेतों को न करें नजरअंदाज 

मुंह का कैंसर शुरुआत में पकड़ा जाए तो इलाज के अच्छे नतीजे हो सकते हैं। इसलिए कुछ लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। जैसे मुंह में ऐसा छाला जो दो सप्ताह से अधिक समय तक ठीक न हो, मुंह में सफेद या लाल रंग का पैच बनना, मुंह खोलने या चबाने में परेशानी, खाना खाते समय लगातार जलन या दर्द, जीभ या मुंह के किसी हिस्से में गांठ या मोटापन, निगलने में परेशानी, गर्दन में बिना दर्द वाली गांठ,आवाज में लंबे समय तक बदलाव, इनमें से कोई लक्षण दिखाई दे तो खुद से इलाज करने के बजाय हेड एंड नेक या ओरल कैंसर विशेषज्ञ को दिखाएं।

परिवार की भूमिका है महत्वपूर्ण

तंबाकू की आदत को केवल व्यक्ति की व्यक्तिगत पसंद मानकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। अगर परिवार में कोई सदस्य हर पार्टी, शादी या खाने के बाद गुटखा या सिगरेट लेने लगा है, तो उसे शर्मिंदा करने के बजाय बातचीत की जरूरत है। कई बार व्यक्ति को यह एहसास ही नहीं होता कि उसकी सोशल हैबिट कब नियमित आदत में बदल गई है। परिवार का सहयोग उसे इस आदत से बाहर निकलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

अग्र महाकुंभ-2026: देशभर से जुटेंगे अग्रवाल समाज के प्रमुख पदाधिकारी, CM साय करेंगे शुभारंभ

जश्न भी हो लेकिन सेहत भी बनी रहे

वीकेंड को इंजॉय करने का सिर्फ यही तरीका नहीं है। आप वर्कआउट करें, साइकलिंग करें, स्विमिंग करें और कोई पसंदीदा एक्टिविटी करें। इससे दिमाग में हैप्पी हार्मोन भी बनेंगे और शरीर को फायदा ही फायदा मिलेगा। परिवार के साथ समय बिताएं, त्योहारों पर मिठाई खाएं, डांस करें और फोटो खिंचवाएं। इससे आपका जश्न और यादें दोनों बेहतर होंगी।

Preeti Singh

Priti Singh is a senior journalist at INN24 News with extensive experience covering crime, governance, public policy, and regional affairs in Chhattisgarh Her reporting focuses on factual accuracy, administrative accountability, and issues of public interest. Areas of Expertise • India and Chhattisgarh politics and governance • State and regional affairs (Chhattisgarh) • Public administration • Investigative reporting Editorial Responsibility Priti Singh follows strict fact-checking and editorial standards and adheres to INN24 News’ Editorial Policy. 📧 Contact: manni200390@gmail.com Profile Last Updated: 20 January 2026