Festival Sleep Tips: त्योहारों में देर रात तक जागना पड़ सकता है भारी, बिगड़ सकती है शरीर की बायोलॉजिकल क्लॉक, जानें कैसे रखें सेहत का ध्यान

Festival Sleep Tips: त्योहारों का मौसम आते ही देर रात तक पार्टी, दोस्तों और परिवार के साथ बातचीत, मोबाइल चलाने और तरह-तरह के पकवान खाने का सिलसिला बढ़ जाता है। इस दौरान अक्सर लोग अपनी नींद को नजरअंदाज कर देते हैं। लेकिन लगातार कुछ दिनों तक देर रात सोना या पर्याप्त नींद नहीं लेना सेहत पर बुरा असर डाल सकता है। इससे शरीर की बायोलॉजिकल क्लॉक यानी सर्कैडियन रिदम प्रभावित हो सकती है। साथ ही हार्मोन का संतुलन भी बिगड़ सकता है, जिसका असर भूख, वजन और मानसिक स्वास्थ्य पर पड़ सकता है।
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नींद की कमी से बिगड़ सकता है हार्मोन बैलेंस
हमारे शरीर की नींद एक 24 घंटे की आंतरिक घड़ी यानी सर्कैडियन रिदम के अनुसार नियंत्रित होती है। जब अंधेरा होता है, तब दिमाग मेलाटोनिन हार्मोन बनाता है, जो नींद आने और सोने-जागने के चक्र को नियंत्रित करने में मदद करता है।
लेकिन देर रात तक मोबाइल, टीवी और तेज रोशनी के संपर्क में रहने से मेलाटोनिन का उत्पादन प्रभावित हो सकता है। इससे नींद आने में देरी होती है और नींद की गुणवत्ता भी खराब हो सकती है।
नींद पूरी नहीं होने से बढ़ सकती है भूख
नींद की कमी का असर केवल थकान और आंखों के नीचे काले घेरे तक सीमित नहीं रहता। इससे भूख को नियंत्रित करने वाले हार्मोन भी प्रभावित होते हैं।
नींद कम होने पर लेप्टिन हार्मोन का स्तर घट सकता है। यह हार्मोन पेट भरने का संकेत देता है। वहीं, ग्रेलिन हार्मोन का स्तर बढ़ सकता है, जो भूख को बढ़ाने का काम करता है। यही वजह है कि देर रात तक जागने या नींद पूरी नहीं होने पर मीठा, तला हुआ और अधिक कैलोरी वाला खाना खाने की इच्छा बढ़ सकती है।
इसके अलावा, लगातार नींद की कमी से शरीर में स्ट्रेस हार्मोन कोर्टिसोल बढ़ सकता है और इंसुलिन सेंसिटिविटी प्रभावित हो सकती है। इससे ब्लड शुगर और ब्लड प्रेशर में उतार-चढ़ाव, वजन बढ़ने का खतरा, थकान और चिड़चिड़ापन जैसी समस्याएं हो सकती हैं।
त्योहारों में अच्छी नींद के लिए अपनाएं ये 6 आदतें
त्योहारों की मस्ती के बीच सेहत का ध्यान रखना भी जरूरी है। कुछ छोटी-छोटी आदतें अपनाकर नींद की गुणवत्ता बेहतर रखी जा सकती है।
- सोने और जागने का समय तय रखें: कोशिश करें कि रोजाना एक ही समय पर सोएं और जागें। कभी-कभार समय में बदलाव ठीक है, लेकिन हर दिन देर से सोने की आदत न बनाएं।
- सोने से पहले मोबाइल से बनाएं दूरी: रात में सोने से करीब एक घंटा पहले मोबाइल, लैपटॉप और टीवी का इस्तेमाल बंद कर दें।
- देर रात भारी खाना न खाएं: रात में ज्यादा तला-भुना, मसालेदार और मीठा खाने से बचें। भूख लगने पर हल्का नाश्ता कर सकते हैं।
- दिन में छोटी झपकी लें: जरूरत पड़ने पर दिन में 20 से 30 मिनट की झपकी ले सकते हैं। हालांकि, शाम के समय लंबी नींद लेने से बचें।
- शाम के बाद कैफीन से बचें: चाय, कॉफी और एनर्जी ड्रिंक का सेवन देर शाम या रात में न करें, क्योंकि इससे नींद प्रभावित हो सकती है।
- सुबह धूप और एक्सरसाइज लें: सुबह कुछ समय धूप में बिताएं और हल्की शारीरिक गतिविधि करें। इससे शरीर की प्राकृतिक घड़ी को नियमित रखने में मदद मिलती है।
मेलाटोनिन सप्लीमेंट लेने से पहले बरतें सावधानी
नींद की समस्या होने पर खुद से मेलाटोनिन सप्लीमेंट लेना शुरू न करें। इसके इस्तेमाल से पहले विशेषज्ञ की सलाह लेना जरूरी है। खासकर अगर आप पहले से कोई दवा ले रहे हैं, गर्भवती हैं या लंबे समय से अनिद्रा की समस्या से परेशान हैं, तो चिकित्सकीय परामर्श जरूर लें।
त्योहारों का आनंद लेना जरूरी है, लेकिन इसके लिए अपनी नींद और सेहत से समझौता न करें। पर्याप्त नींद लेने से शरीर को आराम मिलता है और आप त्योहारों का आनंद भी बेहतर तरीके से उठा सकते हैं।





