*ब्रह्माकुमारीज ने दृष्टिबाधित स्कूल में बच्चों को बांधी राखी…*
*नेत्रहीन बच्चों के जीवन में रोशनी लाना समाज का दायित्व... अधिवक्ता चितरंजय*

नेत्रहीन बच्चों के जीवन में शिक्षा के माध्यम से रोशनी लाना समाज का दायित्व है, यह उद्गार व्यक्त करते हुए राष्ट्रीय मानवाधिकार एवं सामाजिक न्याय आयोग के प्रदेश अध्यक्ष एवं उच्च न्यायालय अधिवक्ता चितरंजय पटेल ने दृष्टि बाधित विशेष विद्यालय में रक्षा बंधन के अवसर पर कहा कि नेत्रहीन बच्चों को प्रत्यक्ष देख नहीं पाते पर उनकी स्पर्श शक्ति विलक्षण होती है फलस्वरूप ब्रेल लिपि के माध्यम से दृष्टिहीन बच्चे उच्च शिक्षा प्राप्त कर समाज और राष्ट्र की सेवा कर रहे हैं जिन्ह सामाजिक प्रोत्साहन जरुरी है।
आज ब्रह्माकुमारीज़ सेंटर शक्ति की बहन बी के मधु के साथ ब्रह्माकुमारी बहनों ने दृष्टिबाधित बच्चों को चंदन तिलक लगाकर उनके कलाई में राखी बांधकर उन्हें मिठाई खिलाई तथा उनके उज्जवल भविष्य के लिए मंगल कामनाएं की तो वहीं दृष्टिबाधित बच्चों ने वाद्य यंत्र वादन के साथ भाई बहन के प्रेम की स्मरण करते हुए मधुर गीतों की झड़ी लगा दी जिससे कार्यक्रम में उपस्थित भाई बहन भाव विभोर हो गए।
इन पलों में संस्था के संस्थापक जसवंत आदिले ने स्वागत उद्बोधन करते हुए ब्रह्माकुमारी बहनों के साथ आगंतुकों का अभिनंदन किया तो वहीं प्राचार्य ज्योति महंत ने आभार ज्ञापित करते हुए उम्मीद जाहिर किया कि सबका प्रेम स्नेह दृष्टिहीन बच्चों को हमेशा मिलता रहेगा।






