Chhattisgarhछत्तीसगढ

ग्राम लिमतरा में आयोजित तीन दिनी सतनाम मेले में शामिल हुए प्रगतिशील छत्तीसगढ़ सतनामी समाज के पदाधिकारी….

पवित्र जैतखाम के सामने बाबा गुरू घासीदास जी के सतनाम विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाने लिया संकल्प

जिला रिपोर्टर शक्ति उदय मधुकर

सक्ती : सक्ती जिले के ग्राम लिमतरा में तीन दिवसीय सतनाम मेला का आयोजन जारी है। जिले भर से बाबा के अनुयाई कार्यक्रम में पहुंच रहे हैं। इसी क्रम में आयोजन के दूसरे दिवस रात्रिकालीन प्रोग्राम में प्रगतिशील छत्तीसगढ़ सतनामी समाज के पदाधिकारी भी शामिल हुए।

इस दौरान प्रदेश कार्यकारिणी से श्याम लाल सितारे, जिलाध्यक्ष रेशम कुर्रे, पूर्व जिलाध्यक्ष छोटेलाल भारद्वाज, जैजैपुर ब्लाक ईकाई के अध्यक्ष खेमराज खटर्जी, पूर्व जिला उपाध्यक्ष श्रीमती कुसुम लता अजगल्ले, पूर्व प्रवक्ता उदय मधुकर, पूरन भारद्वाज , कीर्तन टंडन , चेतन बंजारे, मनहरण भारद्वाज, लक्ष्मण कोसरिया, दयानंद, संतराम, रामकुमार, गणेश रत्नाकर, दिलसाय लहरे, हलधर रात्रे, सरपंच श्रीमती मालती भारद्वाज, श्रीमती रवीना कोसरिया, उपस्थित रहे तो वहीं सतनामी अधिकारी-कर्मचारी संघ से डॉ ए आर जांगड़े, डॉ डी के कुर्रे, सोहित धीरहे, गेसराम बंजारे, रमेश खुंटे सहित अधिकारी कर्मचारी संघ के सदस्य भी मौजूद रहे। इस मौके ‌सभी अतिथियों ने बाबा गुरू घासीदास के पवित्र जैत खाम के समक्ष पूजा अर्चना कर बाबा के बताए सतनाम विचारधारा के रास्ते पर चलने का संकल्प लिया।

इस मौके पर सभी पदाधिकारियों ने बाबा गुरू घासीदास जी के विचारों को आज 269 साल बाद भी प्रासंगिक बताया और उनके बताए मनखे मनखे एक बरोबर पर आधारित सतनाम विचारधारा और शिक्षाओं को सच्चे मन से आत्मसात करते हुए जीवनपथ में आगे बढ़ने की बात कही। इसके पहले सभी अतिथियों के लिमतरा गांव पहुंचने पर लिमतरा गांववासियों द्वारा सभी का आत्मीय स्वागत किया गया। विदित हो कि बीते एक दशक से भी अधिक समय से लिमतरा गांव में ग्रामवासियों द्वारा तीन दिवसीय सतनाम मेला का आयोजन होते चले आ रहा है। जिसमें जिले भर से लोग पहुंचकर पंथी गीत, नृत्य व सतनाम संगोष्ठी आदि में शामिल हो बाबा गुरू घासीदास जी के सतनाम विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लेते हैं।