नीलकंठ में धूमधाम से मनाया गया विश्वकर्मा पूजा, जीएम सहित शामिल हुए अधिकारी..
ओमकार यादव
नीलकंठ में धूमधाम से मनाया गया विश्वकर्मा पूजा, जीएम सहित शामिल हुए अधिकारी..
कोरबा के कुसमुंडा खदान में विश्वकर्मा पूजा की धूम, SECL के जीएम सहित नीलकंठ इन्फ्रा माइनिंग के अधिकारियों ने की पूजा अर्चना

विशेष संवाददाता, कोरबा – छत्तीसगढ़ के प्रमुख औद्योगिक केंद्र कोरबा जिले में स्थित कुसमुंडा कोयला खदान में नियोजित प्रतिष्ठित निजी फर्म नीलकंठ इन्फ्रा माइनिंग द्वारा विगत 17 सितंबर को देवशिल्पी भगवान विश्वकर्मा का पावन जन्मोत्सव अत्यंत हर्षोल्लास और पारंपरिक गरिमा के साथ मनाया गया। औद्योगिक क्षेत्र की समृद्धि और शून्य-दुर्घटना (Zero Accident) के संकल्प के साथ आयोजित इस समारोह में कंपनी परिसर के भीतर विधि-विधान से मुख्य अनुष्ठान संपन्न हुआ।उत्पादन और राष्ट्र निर्माण में लगी भारी मशीनों के महत्व को रेखांकित करते हुए कार्यक्रम के दौरान खदान संचालन में प्रयुक्त होने वाली विशालकाय मशीनों, डंपरों, अर्थमूवर्स और तकनीकी उपकरणों का भी वैदिक मंत्रोच्चार के बीच शुद्धिकरण एवं पूजन किया गया।सुरक्षा और समृद्धि का लिया संकल्पनीलकंठ इन्फ्रा माइनिंग में पिछले कई वर्षों से इस आयोजन की गौरवशाली परंपरा रही है। इस वर्ष भी खदान संस्कृति और श्रमशक्ति के सम्मान में आयोजित इस उत्सव में कंपनी के शीर्ष अधिकारियों से लेकर मैदानी कर्मचारियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। पूजा के दौरान कोयला उत्खनन क्षेत्र में निर्बाध उत्पादन, मशीनों के सुचारू संचालन तथा सबसे महत्वपूर्ण—’कार्यस्थल पर कामगारों की सुरक्षा और आरोग्यता’ की सामूहिक प्रार्थना की गई।वरिष्ठ अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थितिइस अवसर पर सार्वजनिक और निजी क्षेत्र के शीर्ष समन्वय की झलक देखने को मिली। आयोजन में साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (SECL) के माइनिंग जीएम अरविंद राय अपने वरिष्ठ आधिकारिक दल के साथ विशेष रूप से सम्मिलित हुए। उन्होंने कोयलांचल क्षेत्र की समृद्धि और खदान सुरक्षा पर बल देते हुए सभी को विश्वकर्मा जयंती की शुभकामनाएं दीं।समारोह के सफल आयोजन में नीलकंठ इन्फ्रा माइनिंग के एचआर मुकेश सिंह और कल्पेश लिंबनी की मुख्य भूमिका रही। इस दौरान कंपनी के प्रशासनिक अधिकारी, तकनीकी विशेषज्ञ, खदान प्रबंधक और सैकड़ों की संख्या में श्रमिक साथी उपस्थित थे। पूरा परिसर दिनभर भक्तिमय भजनों और उत्सव के उल्लास से सराबोर रहा।





