ChhattisgarhKorbaकोरबा न्यूजछत्तीसगढ

इंडस पब्लिक स्कूल दीपका में कक्षा तीसरी एवं चौथी का वार्षिक परीक्षा फल रहा सर्वोत्कृष्ट, प्रमाण पत्र एवं शील्ड के साथ मनमोहक मुस्कान बिखेरी विद्यार्थियों ने

परीक्षाएँ हमारे लाइफ का हिस्सा हैं। स्कूली छात्रों के लिए, विभिन्न प्रकार की परीक्षाएँ आयोजित करायी जाती है , जैसे लिखित परीक्षाएँ, मौखिक परीक्षाएँ, व्यावहारिक परीक्षाएँ,एमसीक्यू -आधारित परीक्षाएँ आदि। स्कूली परीक्षाएँ जीवन का आधार हैं, क्योंकि परिक्षाओं से हम अपने जीवन में कठिन चुनौतियां का सामना करने के लिए परिपक्त होते हैं। परीक्षाएँ हमें अपनी ताकत और कमज़ोरियों को समझने का मौक़ा देती हैं। इस तरह, हम विशिष्ट अवधारणाओं या कौशलों पर ध्यान केंद्रित कर सकते हैं। अतं:,परीक्षाएं हमें भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करती हैं, मानकीकरण में योगदान देती हैं, तथा विभिन्न अवसरों के द्वार खोलती हैं।

परीक्षाएँ हमारी शिक्षा प्रणाली का हिस्सा हैं। हम जितनी ज़्यादा परीक्षाओं मे बैठेगें, हमारे कौशल और ज्ञान उतने ही मज़बूत होगें अक्सर लोगों का मानना ​​होता है कि परीक्षाएँ सिर्फ़ हमारे अकादमिक प्रदर्शन को मापने के लिए होती हैं। बेशक परीक्षाएँ हमारे कौशल और ज्ञान के आधार पर हमारे अकादमिक प्रदर्शन को मापती हैं, लेकिन उनका उद्देश्य कहीं ज़्यादा महत्वपूर्ण है। वे सिर्फ़ औपचारिक मूल्यांकन नहीं हैं, बल्कि वे हमें जीवन में तैयारी के महत्व को सिखाते हैं। जब हम स्कूल परीक्षा की तैयारी करते हैं, तो हम स्थिति की गंभीरता को समझते हैं और इसलिए हम कड़ी मेहनत करते हैं। यही परीक्षाओं का मूल उद्देश्य है; वे हमें जीवन की चुनौतियों के लिए तैयार करती हैं। जब हम अपनी मानसिक और शारीरिक शक्तियों पर काम करते हैं, तो हम कठिन परिस्थितियों में मजबूती से खड़े हो सकते हैं। परीक्षाओं में हमारे जीवन को बदलने की क्षमता होती है परीक्षाएँ हमें अपने कौशल और ज्ञान को प्रदर्शित करने का अवसर देती हैं। स्कूल की परीक्षाओं में बेहतर अंक प्राप्त करने वाले छात्रों को अपनी क्षमताओं पर अधिक भरोसा होने की संभावना अधिक होती है। छात्र अपने प्रदर्शन का मूल्यांकन कर सकते हैं, अपनी ताकत और कमज़ोरियों को उजागर कर सकते हैं और उसके अनुसार उनमें सुधार कर सकते हैं।

वर्ष भर के अध्ययन के पश्चात कड़ी मेहनत ,लगन व परिश्रम के सामंजस्य से जब परीक्षा का परिणाम आता है तब विद्यार्थियों के मन में भय, कशमकशऔर उत्साह, भी देखने को मिलता है। परीक्षा के परिणाम को जानने की उत्सुकता हर एक विद्यार्थियों के मन में रहती है। लेकिन परीक्षा परिणाम जब उत्कृष्ट हो तो विद्यार्थियों को परीक्षा परिणाम जानकर अपार आनंद आता है ।उसे उत्साहवर्धन हेतु विभिन्न पुरस्कारों एवं प्रमाण पत्रों से सम्मानित किया जाता है ।तब यह पल किसी भी विद्यार्थी के लिए अविस्मरणीय होता है।

इंडस पब्लिक स्कूल दीपका में कक्षा 3 री एवं 4थी के विद्यार्थियों के वार्षिक परीक्षा परिणाम की घोषणा की गई। वार्षिक परीक्षा में शत – प्रतिशत विद्यार्थियों ने अच्छे अंकों के साथ सफलता प्राप्त की। इंडस पब्लिक स्कूल दीपका के सभागार में आयोजित इस सम्मान समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में श्री कौशल तेंदुलकर(एडिशनल कलेक्टर कोरबा) एवं श्री वंदे राम भगत (तहसीलदार दीपका) ने शिरकत की। विद्यालय में भारी तादाद में अभिभावक की उपस्थित थे कार्यक्रम की शुरुआत सर्वप्रथम मां सरस्वती के चित्र में माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन के साथ किया गया। मुख्य अतिथि का स्वागत पुष्प गुच्छ एवं तिलक लगाकर किया गया। विद्यालय के नृत्य प्रशिक्षक श्री हरि सर ने बहुत ही मनभावन नृत्य की प्रस्तुति दी।कार्यक्रम का संचालन सुश्री श्रद्धा मैडम ने किया। कक्षा 3री एवं 4थी के क्रमानुसार प्रथम 3 विद्यार्थियों को मंच पर आमंत्रित कर मुख्य अतिथि, विद्यालय के प्राचार्य महोदय एवं शैक्षणिक प्रभारी के हाथों प्रमाण पत्र एवं शील्ड से सम्मानित किया गया।
प्रवीण सूची की इस श्रृंखला में कक्षा 3री ए* से विरीका प्रिया, आरोही शर्मा, वेदांत द्विवेदी, कक्षा 3री B* से माही मंजरी पात्रा,अभिराज हुडा ,आर्य सिंह कक्षा 3री C*कनक राज, आराध्या भारती ,वैभवी कंवर को प्रमाण पत्र एवं शील्ड से मुख्य अतिथि के हाथों सम्मानित किया गया।इसी प्रकार
कक्षा 4 थी A से दिव्यांश चंद्र,शौर्य विश्वकर्मा एवं निखिल साहू को प्रमाण पत्र एवं शील्ड से सम्मानित किया गया।

इसी क्रम में कक्षा 4 थी B* से आरव पंडित,अनंत जायसवाल एवं अर्श कुमार को उत्कृष्ट शैक्षणिक प्रदर्शन हेतु सम्मानित किया गया।
सभी विद्यार्थी प्रमाण पत्र एवं शील्ड पाकर प्रफुल्लित नजर आए।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि श्री कौशल तेंदुलकर (एडिशनल कलेक्टर कोरबा) ने अपने संबोधन में कहा कि सच्ची लगन, कड़ा परिश्रम और अनुशासन ही किसी भी सफलता की कुंजी है हमें बस इस मंत्र को हमेशा याद रखना है। बिना परिश्रम लगन और अनुशासन के हम किसी भी सफलता को स्पर्श नहीं कर सकते। आज यदि सुनीता विलियम अपनी 9 महीने की लंबी अंतरिक्ष यात्रा के पश्चात भारत का नाम रोशन कर वापस धरती पर लौटी है ,तो इसके पीछे भी उसकी लगन, इसकी कड़ी मेहनत और अनुशासन है। वह हम सबके लिए प्रेरणा स्रोत है। हममें यदि जीतने का जुनून है, जज्बा है और यदि हमारे विचार सकारात्मक हैं ,हमने अपना गोल सेट करके रख लिया है, तो अपनी मंजिल को स्पर्श करने से हमें कोई भी नहीं रोक सकता। क्योंकि हम जैसा सोचते हैं हमारे विचार हमें वैसा बना देते हैं।

अतिथि श्री वंदेराम भगत तहसीलदार दीपका ne विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि जिंदगी में आगे बढ़ाने के लिए ईमानदार और विनम्र होना आवश्यक है ईमानदारी और विनम्रता दोनों ही गुण अनुशासन के दायरे में रहकर ही हम प्राप्त कर सकते हैं। किसी भी सफलता हेतु अनुशासन अति आवश्यक है। कहा भी गया है – “सुख चाहने वालों को विद्या कहाँ और विद्या चाहने वाले को सुख कहाँ” अतः हमें कुछ पाने के लिए कुछ खोना पड़ता ही है। तभी जाकर हम सफलता प्राप्त करते हैं। प्रत्येक सफलता हेतु ईमानदार प्रयास आवश्यक है। हमें काबिलियत और प्रतिभा की कमी नहीं है जरूरत है एक सही दिशा और सकारात्मक विचार की हमें हमेशा सकारात्मक रहना चाहिए हमें अपने लक्ष्य से नहीं भटकना चाहिए माता-पिता ,गुरु और ईश्वर के प्रति हमेशा मन में सम्मान का भाव होना चाहिए।

कार्यक्रम में उपस्थित विभिन्न अभिभावकों ने भी इंडस पब्लिक स्कूल की शैक्षणिक गतिविधियों पर अपना संतोष व्यक्त किया। सभी विद्यार्थियों को मुख्य अतिथि, विद्यालय के प्राचार्य महोदय एवं शैक्षणिक प्रभारी ने प्रमाण पत्र एवं पुरस्कार देकर सम्मानित किया। विद्यालय के प्राचार्य डॉक्टर संजय गुप्ता ने कहा कि विद्यार्थी जीवन में परिश्रम का बहुत महत्व है क्योंकि यह सफलता की कुंजी है, भविष्य के लिए आधार बनाता है और व्यक्ति को स्वावलंबी बनाता है।विद्यार्थी जीवन में समय का सदुपयोग करना बहुत महत्वपूर्ण है, और परिश्रम से समय का सदुपयोग होता है।

परिश्रम से विद्यार्थी में सकारात्मक सोच विकसित होती है और वह चुनौतियों से डरने के बजाय उनका सामना करता है।जीवन में अनुशासन बहुत महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह हमें व्यवस्थित, केंद्रित और सफल बनाता है। अनुशासन के बिना, जीवन अस्त-व्यस्त और लक्ष्यहीन हो जाता है। एक शिक्षक होने के नाते इस शैक्षणिक संस्था में हमारा मात्र यही एक लक्ष्य उद्देश्य है कि आज दिन प्रतिदिन हावी होती प्रतिस्पर्धा में हम बच्चों को एक बेहतर शिक्षा प्रदान कर उसे प्रत्येक प्रतिस्पर्धा हेतु मानसिक रूप से तैयार करेंगे। उनके अंदर छिपी हुई प्रतिभा को निखर कर उनके अंदर आत्मविश्वास जागृत करना हमारा उद्देश्य है। बेहतर शिक्षा प्रदान कर एक मजबूत नींव प्रदान करना हमारा उद्देश्य।

Preeti Singh

Priti Singh is a senior journalist at INN24 News with extensive experience covering crime, governance, public policy, and regional affairs in Chhattisgarh Her reporting focuses on factual accuracy, administrative accountability, and issues of public interest. Areas of Expertise • India and Chhattisgarh politics and governance • State and regional affairs (Chhattisgarh) • Public administration • Investigative reporting Editorial Responsibility Priti Singh follows strict fact-checking and editorial standards and adheres to INN24 News’ Editorial Policy. 📧 Contact: manni200390@gmail.com Profile Last Updated: 20 January 2026