
परिवार की मिन्नतों पर नक्सली बने मुख्यधारा में शामिल।
DVCM बलदेव और अंजू समेत 9 ने किया आत्मसमर्पण।
सुरक्षा बलों ने कराया स्वागत, पुनर्वास की प्रक्रिया शुरू।
गरियाबंद : छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में 9 नक्सलियों ने सोमवार को हथियार छोड़ मुख्यधारा में लौटने के लिए आत्मसमर्पण कर दिया है. रायपुर रेंज आईजी अमरेश मिश्रा के समक्ष सरेंडर करने के लिए नक्सली राजेडेरा से निकलकर गरियाबंद जिला मुख्यालय पहुंचे. इनमें डीवीसी मेंबर नक्सली बलदेव और अंजू शामिल है, जिनपर 8-8 लाख रुपए का इनाम घोषित है.
मुख्यधारा में लौटे बलदेव, अंजू समेत 9 नक्सली
पुलिस की ओर से आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों का विवरण जारी किया गया है. इनमें महिला और पुरुष दोनों शामिल हैं. बलदेव उर्फ वामनवट्टी उर्फ बलदेव मासा (35 साल) डीव्हीसीएम पद पर था. वह सीनापाली एरिया में सक्रिय था. बलदेव ने एसएलआर के साथ आत्मसमर्पण कर दिया है. अंजू उर्फ कविता ने इंसास राइफल के साथ सरेंडर किया. आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों में सरुपा, रतना, गोविंदा उर्फ रंजिता, सोनी उर्फ बुधरी, उर्षा, नविता और डमरु शामिल है. इन सभी ने हथियार के साथ सरेंडर किया है.
दो दिन पहले परिजनों और पूर्व नक्सलियों ने की थी अपील
दो दिन पहले ऊषा उर्फ संगीता और बलदेव उर्फ बामन से उनके परिजनों ने घर वापस लौटने की भावुक अपील की थी. यह वीडियो तेलुगु और गोंडी भाषा में बताया जा रहा है. वीडियो में ऊषा के भाई आबूला गंगैया ने नम आंखों और हाथ जोड़कर अपनी बहन से अपील की है कि वह वापस लौट आए. घर का आंगन सूना है और मां की ममता उसे पुकार रही है. परिवार को डर है कि अगर अब देर हुई, तो शायद फिर कभी मुलाकात न हो पाए.





