Chhattisgarh

अंडरग्राउंड माइन्स में महिला भी करेगी कोयला उत्पादन.. सरकार के बिल में सुरक्षा व्यवस्था का प्रावधान.. खदानों में पुरुष कर्मचारियों की एकाधिकार होगी समाप्त.

छत्तीसगढ़/कोरबा : जिले की आठ भूमिगत खदानों में अब महिला भी काम कर सकेंगी। भूमिगत खदानों में महिलाओं से ड्यूटी लेना प्रतिबंध था इस प्रतिबंध को समाप्त होने के बाद महिला कर्मचारी ना सिर्फ ओपन कास्ट कोयला खदान में काम कर सकेंगे साथ ही भूमिगत खदानों में भी कोयला उत्पादन में योगदान देंगी। इसके लिए सरकार ने काम करने के लिए सुरक्षित वातावरण निर्मित करने का बिल में प्रावधान रखा है। यह बिल कल संसद में पारित हो चुकी है।

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महिलाओं को समान कार्य के लिए पुरुषों की तरह वेतन मिलेगा। 10 तारीख तक कर्मचारियों को वेतन हरहाल में देना होगा। जिले में भूमिगत कोयला खदान रजगामार, रानी अटारी, विजय वेस्ट, बगदेवा, सिंघाली, ढेलवाढी बल्गी, छुरा कछार में महिला कर्मचारियों को नियोजित नहीं किया जा रहा है लेकिन नए प्रधान के तहत अब महिलाएं भी पुरुष कर्मचारी की तरह खदान में कार्य करेंगी।

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सरकार ने इस लिंग भेद को खत्म कर दिया है। सरकार ने बिल में यह भी प्रावधान किया है कि महिलाओं की वर्किंग गवार सुबह 6:00 बजे से शाम 7:00 बजे के बीच रहेगा, साथ ही अपनी इच्छा से रात की ड्यूटी में भी शामिल हो सकेंगे सुरक्षा की जिम्मेदारी कंपनी की होंगी।

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