National

लॉकडाउन के 30 दिन: सड़क दुर्घटना, आत्महत्या, हत्या, हार्ट अटैक के मामले भी घटे..

INN24:महामारी के चलते एक महीने से देश लॉकडाउन है। दावा किया जा रहा है कि कोरोना वायरस की वजह से देश में हर दिन होने वाली मौतों में कमी आई है। विशेषज्ञों के मुताबिक, वायरस से देश में 718 लोगों की मौत हो चुकी है, लेकिन 25 मार्च से लॉकडाउन होने के चलते अन्य कारणों से मौतों में करीब 9 फीसदी गिरावट जरूर आई है। देश में हर दिन सड़क दुर्घटना, आत्महत्याओं, आपराधिक घटनाओं, वायु प्रदूषण, हार्ट अटैक, कैंसर, टीबी, निमोनिया, ब्रेन स्ट्रोक सहित कई गंभीर बीमारियों व अन्य कारणों से मौतें होती हैं।

इनके अलावा फैक्टरी, निर्माण कार्यों के दौरान दुर्घटनाओं में भी लोगों की जान जाती है, लेकिन लॉकडाउन की वजह से दुर्घटनाओं व सड़क हादसों में कमी आई है।दिल्ली के सबसे बड़े श्मशान घाट निगम बोध के मुख्य प्रबंधक सुमन कुमार गुप्ता का कहना है कि औसतन एक महीने में उनके यहां 2 हजार अंतिम संस्कार किए जाते हैं लेकिन मार्च से लेकर अब तक इनमें करीब 50 से 60 फीसदी तक कमी आई है।

ठीक इसी तरह लोधी रोड श्मशान घाट की बात करें तो वहां इस महीने 30 फीसदी ही अंतिम संस्कार हुए हैं। राजधानी के सबसे बड़े दिल्ली गेट कब्रिस्तान के अनुसार एक दिन में औसतन करीब 20 लोगों को सुपुर्द ए खाक किया जाता है लेकिन अब यह आंकड़ा घटकर औसतन 4 से पांच पर पहुंच गया है।

सेव लाइफ फाउंडेशन के अनुसार, देश में हर दिन औसतन 415 लोगों की मौत होती है। साल में करीब डेढ़ लाख से अधिक लोगों की मौत होती है। सड़क हादसों में काफी हद तक गिरावट आई है। हालांकि, लॉकडाउन होने के बावजूद 56 सड़क हादसे अब तक दर्ज किए गए हैं।

Show More

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!