Chhattisgarh

‘कुसमुण्डा में रहकर करना होगा काम, नही तो घर पर रहकर कीजिये आराम’ – SECL कुसमुण्डा.

छत्तीसगढ़/कोरबा : जिले में कोरोना संक्रमितों की बढ़ती सँख्या को लेकर प्रशासन की चिंता बढ़ती जा रही है। कल 24 घण्टे के भीतर ही कटघोरा क्षेत्र में 21 कोरोना पॉजिटव मिलने से पूरे जिले में हड़कम्प मच गया, इसके मद्देनजर कोरबा जिला केलक्टर ने एक ओर जहाँ ग्रामीण सहित शहरी इलाकों में बेरीकेटिंग करने के आदेश दिये हैं, वही दुसरीं तरफ आवश्यक सेवाओं में कार्य करने वाले कर्मचारियो को कार्यस्थल के आसपास के क्षेत्रों में रहकर कार्य करने के निर्देश प्रबन्धन को सुनिश्चित करने आदेश जारी किया गया है।

कुसमुण्डा प्रबन्धन भी कोरोना संक्रमण की गम्भीरता को देखते हुए जारी आदेश का पालन करने में लगी हुई है, जिसके तहत बाहर से आने वाले कर्मचारियो को कुसमुण्डा में ही रहकर काम कराने के लिए कुसमुण्डा प्रबन्धन ने ऐसे कर्मचारियो को चिन्हित करना शुरू कर दिया है जो कुसमुण्डा के अलावा बांकी, कटघोरा, कोरबा, गेवरा जैसे अन्य इलाकों से आते हैं। शुरुवात में बाहर से आने वाले लगभग 100 अति-आवश्यक कर्मचारियो की रहने, खाने-पीने व आराम करने की व्यवस्था प्रबन्धन द्वारा की जा रही है, जिसके लिए प्रबन्धन के आलाधिकारी आदर्श नगर सीआरसी क्लब व विकास नगर जेआरसी क्लब में साफ सफाई की जा रही है।

इसके अलावा क्षेत्र में जो क्वाटर खाली है उसमे भी रहने के लिए कर्मचारियो को आवदेन जमा करने कहा जा रहा है, ताकि वे अपने परिवार के साथ यहां रहकर कुसमुण्डा में ही कार्य कर सकें।

आपको बता दें कोयला आवश्यक सेवाओ में आता है, और इन आवश्यक सेवाओ को पूरी तरह से समाज व देश के लिए बनाए रखने में हमारा कुसमुण्डा प्रबन्धन व कर्मचारी भी कंधे से कंधा मिलाकर काम कर रहे हैं, एस ई सी एल कुसमुण्डा प्रबन्धन का कहना है कि कोयला उत्पादन के साथ-साथ प्रत्येक कर्मचारी के सुरक्षा की भी जिम्मेदारी प्रबन्धन की है, जिसके लिए हर सम्भव प्रयास किये जा रहे है।

संवाददाता : ओम गभेल, कुसमुंडा

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